छत्तीसगढ़ टाइम्स डॉट कॉम । रायपुर.  

उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवा और मरीजों को बेहतर इलाज मुहैया कराने वाले छत्तीसगढ़ के छह शासकीय अस्पतालों को केन्द्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (NQAS – National Quality Assurance Standard) प्रमाण पत्र प्रदान किया गया है। इनमें चार प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और दो सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र शामिल हैं। केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की विशेषज्ञों की टीम द्वारा विगत अप्रैल, मई और जून में इन अस्पतालों में मरीजों के लिए उपलब्ध सेवाओं की गुणवत्ता के परीक्षण के बाद राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक प्रमाण पत्र जारी किया गया है।
  
केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा सरगुजा जिले के उदयपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और महासमुंद के बागबहरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक प्रमाण पत्र से नवाजा गया है। जांजगीर-चांपा जिले के जर्वे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, बस्तर के कुम्हरावंड प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सरगुजा के बटईकेला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और कांकेर के बागोदर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को भी भारत सरकार द्वारा यह प्रमाण पत्र प्रदान किया गया है।
 
केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के विशेषज्ञों द्वारा मरीजों के लिए अस्पताल में उपलब्ध सेवाओं की गुणवत्ता के परीक्षण में उदयपुर सीएचसी को 87 प्रतिशत और बागबहरा सीएचसी को 85 प्रतिशत अंक मिले हैं। वहीं जर्वे पीएचसी को 82 प्रतिशत, बागोदर पीएचसी को 80 प्रतिशत, बटईकेला पीएचसी को 76 प्रतिशत और कुम्हरावंड पीएचसी को 75 प्रतिशत अंक मूल्यांकन में प्राप्त हुए हैं। 

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उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक प्रमाण-पत्र प्रदान करने के पूर्व विशेषज्ञों की टीम द्वारा अस्पताल की सेवाओं और संतुष्टि स्तर का विभिन्न मानकों पर परीक्षण किया जाता है। इनमें उपलब्ध सेवाएं, मरीजों के अधिकार, इनपुट, सपोर्ट सर्विसेस, क्लिनिकल सर्विसेस, इन्फेक्शन कंट्रोल, गुणवत्ता प्रबंधन और आउटकम जैसे पैरामीटर शामिल हैं। इन कड़े मानकों पर खरा उतरने वाले अस्पतालों को ही केन्द्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा गुणवत्ता प्रमाण पत्र जारी किए जाते हैं।