बिलासपुर/मल्हार। मस्तूरी क्षेत्र के मल्हार चौकी अंतर्गत मनाडेरा रोड पर लीलागर नदी में 20 अगस्त को बड़ा हादसा होते-होते टल गया। तेज बहाव के बीच पुल पार कर रहे दो युवक बाइक समेत नदी में जा गिरे और पानी के तेज बहाव में बहने लगे। मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने अपनी जान की परवाह किए बिना नदी में उतरकर दोनों युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। ग्रामीणों की इस बहादुरी और मानवता की एसएसपी रजनेश सिंह ने सराहना करते हुए उन्हें प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, चकरबेड़ा निवासी गुड़ा टंडन और दुर्गेश टंडन बाइक से जांजगीर-चांपा जिले और मल्हार के बीच स्थित लीलागर नदी के पुल को पार कर रहे थे। नदी में बाढ़ के कारण पानी का बहाव काफी तेज था। इसके बावजूद दोनों युवक पुल पार करने लगे। इसी दौरान बाइक का संतुलन बिगड़ गया और दोनों बाइक सहित नदी में जा गिरे। देखते ही देखते वे तेज धार में बहने लगे।

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घटना की जानकारी मिलते ही मनाडेरा निवासी मोहन लाल केंवट और महेश केंवट अपने साथियों के साथ मौके पर पहुंचे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने बिना अपनी जान की परवाह किए नदी में उतरकर दोनों युवकों को बाहर निकाल लिया। समय रहते किए गए इस साहसिक प्रयास से दोनों की जान बच गई।

एसएसपी ने प्रशस्ति पत्र देकर किया सम्मानित

दो युवकों की जान बचाने के साहसिक और मानवतापूर्ण कार्य के लिए एसएसपी रजनेश सिंह ने मोहन लाल केंवट, महेश केंवट और आदित्य केंवट (करण) को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। इस दौरान एसएसपी ने उनके साहस, तत्परता और मानवीय संवेदना की सराहना की।

एसडीआरएफ से मिला था प्रशिक्षण

बताया गया कि मोहन लाल केंवट और उनके साथियों को एसडीआरएफ की टीम ने आपदा एवं जल बचाव कार्य का प्रशिक्षण दिया था। प्रशिक्षण का लाभ उन्होंने इस घटना में बखूबी उठाया और समय रहते दोनों युवकों की जान बचा ली।

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ग्रामीणों का कहना है कि ऐसे प्रशिक्षित लोगों को जरूरत के अनुसार ‘जल मितान’ के रूप में जिम्मेदारी दी जानी चाहिए। साथ ही उन्हें आवश्यक सुरक्षा उपकरण और संसाधन उपलब्ध कराए जाएं, ताकि बाढ़, नदी में तेज बहाव या अन्य जल दुर्घटनाओं के दौरान तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया जा सके। लीलागर नदी की इस घटना में ग्रामीणों की तत्परता ने एक बार फिर साबित किया कि आपदा के समय स्थानीय स्तर पर प्रशिक्षित और जागरूक लोगों की भूमिका कितनी महत्वपूर्ण हो सकती है।